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भारत में क्रिप्टोकरेंसी – Will Cryptocurrency be Ban in India or Regulate in 2021

इस समय हमारे देश में क्रिप्टोकरेंसी को लेकर जैसा माहौल है वह किसी रहस्य से कम नहीं है एक तरफ जहां हमारी गवर्नमेंट देश में तकनीकी के विकास और सुरक्षा के लिए डिजिटल इंडिया और मेक इन इंडिया जैसे कार्यक्रमों को बढ़ावा दे रही हैं वहीं दूसरी तरफ क्रिप्टोकरेंसी जैसी डिजिटल मुद्रा के विषय पर हमारी गवर्नमेंट की विचारधारा विरोधाभासी दिख रही है।

18 नवंबर 2021 को देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा क्रिप्टो करेंसी को लेकर एक बयान दिया गया जिसमें उन्होंने बताया कि क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग आतंकवादी गतिविधियों में ना हो इसके लिए विश्व की सभी लोकतांत्रिक सरकारों को क्रिप्टो करेंसी जैसी विषय पर एकजुट होकर निर्णय लेने की आवश्यकता है।

क्रिप्टो करेंसी जिसके लेन देन में सरकार का कोई दखल नहीं है और ना ही सरकार के पास ऐसी कोई डाटा है जिससे यह पता लग सके की हमारे देश में क्रिप्टोकरेंसी कहां से खरीदी जा रही है और कहां बेची जा रही हैं। इस माहौल में एक प्रोफेशनल खरीददार को भी बहुत सोच समझ कर क्रिप्टो करेंसी खरीदनी चाहिए।

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मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण बयान

हाल ही में हमारे देश की वित्त मंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा एक बयान दिया गया कि भारत में किसी भी वस्तु को खरीदने के लिए पैसे के बदले क्रिप्टो करेंसी नहीं दिया जा सकता है और ना ही किसी क्रिप्टोकरेंसी को खरीदने के लिए विदेशी एक्सचेंज को भारत में अनुमति दी जाएगी।

एक और जहां हमारे देश की सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया अपनी खुद की डिजिटल करेंसी लागू करने की सोच रही है जिसका नाम सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी होगा जो सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के माध्यम से मॉनिटर किया जाएगा। ऐसे में एक प्रश्न हम लोगों के मन में आता है कि ऐसे कौन से Exchanges होंगे जिन पर इस डिजिटल करेंसी की listing की जाएगी। 

जहां हमारे देश की सरकार डिजिटल इंडिया को बढ़ावा दे रही है तो ऐसे में प्रबल संभावना है की यदि हमारी सरकार क्रिप्टोकरेंसी को Ban ना करके regulate करे तो इसकी खरीदी-बेची Indian exchange से ही की जाएगी।

हाल ही में एक समाचार एजेंसी द्वारा जारी किए गए एक नोटिस में यह बताया गया है कि

1. भारत में क्रिप्टोकरेंसी को एक लीगल करेंसी का दर्जा नहीं दिया जाएगा।

2. यदि भारत सरकार द्वारा क्रिप्टोकरेंसी को रेगुलेट किया जाएगा तो इन्हें विदेशी एक्सचेंज इस पर लिस्ट ना करके भारतीय एक्सचेंज जो SEBI द्वारा बनाए गए नियमों और दिशा-निर्देशों का पालन करेंगे को बढ़ावा दिया जाएगा। बिल पास हो जाने के बाद क्रिप्टो निवेशिकों को एक निर्धारित समय दिया जाएगा जिसमें वह सभी निवेशक जो विदेशी एक्सचेंज का इस्तेमाल करते हैं, अपनी क्रिप्टोकरेंसी या फंड को भारतीय एक्सचेंज मैं ट्रांसफर कर सकें।

3. वे सभी क्रिप्टो निवेशक जो सरकार द्वारा लागू किए गए नियम एवं शर्तों का पालन नहीं करेंगे उन पर भारत सरकार 5 करोड़ से 20 करोड़ तक का जुर्माना और 3/2 साल की सजा भी लगा सकती है।

4. यदि कोई व्यक्ति क्रिप्टोकरेंसी का उपयोग आतंकवाद और मनी लॉन्ड्रिंग जैसे कार्यों मैं संलिप्त या बढ़ावा देने के लिए कर रहा है तो उसके खिलाफ प्रिवेंशन ऑफ मनी लांड्रिंग एक्ट के तहत कार्रवाई की जाएगी।

यदि इस नोटिस के माध्यम से दी गई जानकारियां सही पाई जाती हैं तो हम यह अनुमान लगा सकते हैं कि भारतीय सरकार क्रिप्टोकरेंसी को BAN ना करके रेगुलेट करने की दिशा में अग्रसर है।

इस आर्टिकल को पढ़ने के बाद यदि आपको लगता है कि क्रिप्टोकरेंसी में निवेश करना चाहिए तो जरा रुकिए। उपरोक्त नोटिस के माध्यम से दी गई जानकारी किसी सरकारी ऑफिशियल के माध्यम से नहीं दी गई है इसलिए जब तक क्रिप्टोकरंसी बिल पास ना हो जाए तब तक क्रिप्टोकरेंसी में निवेश बहुत सोच समझ कर करें।

संसद में पेश होने वाली क्रिप्टोकरेंसी बिल के बारे में आपका क्या अनुमान है और यदि आप क्रिप्टोकरेंसी से संबंधित कोई जानकारी हमसे शेयर करना चाहते हैं तो  हमें कमेंट करके जरूर बताएं ।

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